ग्रेटर नोएडा,9 जनवरी। पूरे विश्व समेत भारतवर्ष भी कोरोना महामारी से लगभग पिछले एक वर्ष से बुरी तरह जूझ रहा है। कोरोना से बचाव हेतु वैक्सीन बनाने के लिए विश्व के कई देशों के डॉक्टर एवं वैज्ञानिक दिन रात एक करके लगातार मेहनत कर रहे हैं। इस क्रम में भारतवर्ष के वैज्ञानिकों एवं चिकित्सकों ने मिलकर कुल दो वैक्सीन बनाने में सफलता पाई है। जिसका सफलतापूर्वक तरीके से सफल परीक्षण भी हो चुका है इसके लिए सभी चिकित्सक एवं वैज्ञानिक बधाई के पात्र है यह बातें आईटीएस डेंटल कॉलेज, ग्रेटर नोएडा के पीडोडोंटिक्स विभाग की विभागाध्यक्ष डॉ. मौसुमी गोस्वामी ने ऑनलाइन वेबिनार में चिकित्सकों एवं छात्रों को सम्बोधित करते हुए कहीं। डॉ. गोस्वामी ने बताया कि भारत में बनी स्वदेशी वैक्सीन जल्द ही मरीजों के लिए क्रमबद्व सरकार द्वारा मुहैया करायी जाएगी। सबसे पहले यह वैक्सीन स्वास्थ्यवर्कर एवं फ्रंट लाइन वर्कर को मुहैया करायी जाएगी उसके बाद वृद्ध बीमार तथा सीनियर सिटीजन को प्राथमिता दी जाएगी। वेबिनार को सम्बोधित करते हुए डॉ. गोस्वामी ने बताया कि हालांकि वैक्सीन बन चुकी है और यह लोगों का जल्द ही उपलब्ध भी हो जाएगी, लेकिन इसके बावजूद मास्क पहनना एवं दो गज की दूरी का ख्याल रखना होगा। इस अवसर पर संस्थान के प्रधानाचार्य डॉ. सचित आनंद अरोरा ने कहा कि संस्थान में कार्यरत चिकित्सकों एवं छात्रों की प्रशंसा करते हुए कहा कि कोरोना महामारी के समय भी आप सभी ने सम्पूर्ण सेवा भाव से मरीजों का जो इलाज किया इसके लिए बधाई के पात्र हंि एवं भविष्य में भी ऐसे ही मरीजों की सेवा करते रहेंगे।
कोरोना वैक्सीन भारत की बहुत बडी उपलब्धि- डॉ. मौसुमी गोस्वामी






