-REI 2025 में किया अनावरण —नेक्स्ट जनरेशन HJT सोलर पैनल्स , बैटरी एनर्जी स्टोरेज सिस्टम्स(BESS) और पी वी इनवर्टर्स और 1.2 GW की नई गीगा फैक्ट्री लगाना कंपनी का लक्ष्य — डेवलपर और सरकारी सेगमेंट्स में विस्तार
ग्रेटर नोएडा।
रिन्यूएबल एनर्जी एक्सपो (REI) 2025 के पहले दिन, भारत की सबसे तेज़ी से बढ़ती सोलर सॉल्यूशन मैन्युफैक्चरिंग कंपनियों में से एक लूम सोलर ने अपनी नवीनतम एडवांस सोलर और एनर्जी स्टोरेज टेक्नोलॉजीज़ की रेंज पेश की। यह कदम भारत के क्लीन एनर्जी सेक्टर में कंपनी के योगदान को और मज़बूत करता है।
कंपनी ने इस अवसर पर अपना विस्तृत प्रोडक्ट पोर्टफोलियो दिखाया जिसमें शामिल थे।
* टॉपकॉन और एचजेटी सोलर मॉड्यूल्स(730 Wp तक, ALMM और BIS अप्रूव्ड),
* बैटरी एनर्जी स्टोरेज सिस्टम्स (BESS) (1 kWh से 5 MWh तक),
* और मेड इन इंडिया पी वी इन्वर्टर्स(3 kW से 50 kW तक, ऑन-ग्रिड और हाइब्रिड दोनों वेरिएंट्स में उपलब्ध)।
ये सभी अगली पीढ़ी के प्रोडक्ट्स भारत के रिन्यूएबल मैनुफैक्चरिंग इकोसिस्टम को मज़बूत करने और नेट -जीरो लक्ष्यों की दिशा में एक बड़ा कदम हैं।
लूम सोलर ने नई बैटरी एनर्जी स्टोरेज सिस्टम्स (BESS) की रेंज पेश की है, जो डीज़ल जनरेटर को रिप्लेस करने और grid stability बढ़ाने के लिए डिज़ाइन की गई है। ये सॉल्यूशंस डीसेंट्रलाइज़्ड, भरोसेमंद और बिना रुके पावर सप्लाई सुनिश्चित करते हैं। कंपनी ने उत्तर प्रदेश में अपनी आगामी 1.2 गीगावॉट(GW) गीगा फैक्ट्री की घोषणा भी की, जो हेटेरोजंक्शन(HJT) जैसी एडवांस और एनर्जी-एफिशिएंट सोलर सेल टेक्नोलॉजीज़ पर केंद्रित होगी। यह फैक्ट्री “Make in India” पहल को आगे बढ़ाते हुए देश में उच्च-गुणवत्ता वाली सोलर मैन्युफैक्चरिंग को नई ऊँचाई देगी। लूम सोलर के सह-संस्थापक और डायरेक्टर अमोद आनंद ने कहा: “Loom Solar हमेशा ऐसी टेक्नोलॉजी विकसित करने में विश्वास रखता है जो ऊर्जा में आत्मनिर्भरता लाए। जैसे-जैसे भारत clean energy की ओर बढ़ रहा है, हमारा फोकस एडवांस solar, inverter और storage solutions बनाने पर है जो घरों, बिज़नेस और इंडस्ट्रीज़ को भरोसेमंद और भविष्य के लिए तैयार ऊर्जा प्रदान करें। हमारी आने वाली नई 1.2 GW फैक्ट्री और BESS व inverter मैन्युफैक्चरिंग में विस्तार भारत की ऊर्जा आत्मनिर्भरता की दिशा में एक रोडमैप है। भारत का भविष्य डीसेंट्रलाइज़्ड, मज़बूत और डिजिटल रूप से सक्षम ऊर्जा ढांचे पर आधारित होगा — और REI 2025 में हमारा प्रदर्शन इसी दृष्टिकोण को दर्शाता है।”
डेवलपर और सरकारी सेगमेंट पर नया फोकस
कंपनी अब डेवलपर और सरकार सेगमेंट्स पर भी फोकस बढ़ा रही है।
* डेवलपर: PM-KUSUM योजना के तहत 1 MW से अधिक के बड़े प्रोजेक्ट्स के लिए उच्च-एफिशिएंसी वाले सोलर माड्यूल इन्वर्टर और स्टाइरेज सलूशन प्रदान करने का लक्ष्य।
* सरकार: रेलवे, टेलीकॉम और डिस्कॉम जैसे सार्वजनिक उपक्रमों के साथ साझेदारी, जो देश में सोलर अपनाने के सबसे बड़े प्रेरक हैं।
यह रणनीति भारत में क्लीन एनर्जी को तेज़ी से आगे बढ़ाने की प्रतिबद्धता को दर्शाती है।






