ग्रेटर नोएडा। नोएडा इंस्टीट्यूट ऑफ इंजीनियरिंग एंड टेक्नोलॉजी ग्रेटर नोएडा में दो दिवसीय इंडिया डिजाइन वीक-2026 के उत्तर भारत के ग्रैंड फाइनल का आयोजन किया गया। आईसीटी एकेडमी द्वारा आयोजित तथा ऑटोडेस्क द्वारा स्पॉन्सर्ड इंडिया डिजाइन वीक-2026 में उत्तर भारत के सात राज्यों से प्रतिभागियों ने हिस्सा लिया। ग्रैंड फाइनल के उद्घाटन सत्र में मनीष वालिया-डेल्टा इलेक्ट्रॉनिक्स, एनआईईटी के डायरेक्टर तथा एनआईईटी नोडल सेंटर हेड डॉ विनोद एम कापसे, आईसीटी एकेडमी के असिस्टेंट वाइस प्रेसिडेंट सरवनन जी, ऑटोडेस्क से आनंद पुजारी एवं अखिलेश शाही, आयोजन समिति के सदस्य, मेंटर्स, निर्णायक मंडल के सदस्य तथा प्रतिभागी उपस्थित रहे। इंडिया डिजाइन वीक- 2026 के ग्रैंड फाइनल का उद्घाटन दीप प्रज्वलन एवं सरस्वती वंदना से हुआ। एनआईईटी के डायरेक्टर डॉ विनोद एम कापसे ने अपने स्वागत उद्बोधन में प्रतिभागियों का उत्साह वर्धन किया तथा ग्रैंड फाइनल में उनकी सफलता की शुभकामनाएं ज्ञापित कीं। मुख्य अतिथि मनीष वालिया-डेल्टा इलेक्ट्रॉनिक्स ने प्रतिभागियों से डिजाइन संबंधी बारीकियों को ध्यान से समझ कर नए प्रोडक्ट्स और सर्विसेज के विकास पर बल देने को कहा। उन्होंने अपने वक्तव्य में प्रतिभागियों को तकनीक के नए आयामों को समझने तथा बाजार एवं ग्राहकों की मांग के अनुरूप समाधान विकसित करने की आवश्यकता व्यक्त की।
22 अप्रैल 2026 को इंडिया डिजाइन वीक- 2026 के उत्तर भारत के ग्रैंड फाइनल का समापन किया गया। इस अवसर पर इंडिया सेल्यूलर एंड इलेक्ट्रॉनिक्स एसोसिएशन के अध्यक्ष श्री पंकज महिंद्रू मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। उन्होंने विजेता टीमों को पुरस्कार ट्रॉफी, प्रमाण पत्र तथा पुरस्कार राशि देकर सम्मानित किया। फ्यूजन तथा रेविट के अंतर्गत प्रथम स्थान विजेता को 50000, द्वितीय स्थान विजेता तो 30000 तथा तृतीय स्थान विजेता को 20000 रु की पुरस्कार राशि प्रदान की गई। समापन समारोह के मुख्य अतिथि पंकज महिंद्रू ने सभी विजेताओं को बधाई देते हुए कहा कि, “हार और जीत जीवन के दो पहलू हैं। कभी हम जीतते हैं तो कभी हार का भी सामना करना पड़ता है। ऐसे में यह जरूरी है कि अगर हमें जीत मिली है तो और बड़ी जिम्मेदारी के लिए खुद को तैयार करें और अगर हार का सामना करना पड़ता है तो उन बिंदुओं के विषय में समीक्षा करें जहां कुछ कमी रह गई।” समापन समारोह में डॉ अभिषेक प्रताप सिंह, डॉ मनीष कौशिक, प्रो मयंक दीप खरे, प्रो संजय कुमार, प्रो अदिती मट्टू, प्रो राकेश सिंह, प्रो अंशुल वार्ष्णेय, प्रो अंशु आनंद आदि उपस्थित रहे। कार्यक्रम का संचालन प्रो हर्ष अवस्थी ने किया।





