‘दीक्षारंभ 2026’  शारदा यूनिवर्सिटी में केन्द्रीय मंत्री चिराग पासवान ने युवाओं को किया प्रोत्साहित

Union Minister Chirag Paswan encouraged the youth at 'Diksharambh 2026' Sharda University

ग्रेटर नोएडा, 3 सितंबर। ग्रेटर नोएडा के नॉलेज पार्क में स्थित शारदा यूनिवर्सिटी ने सफलतापूर्वक अपना यूनिवर्सिटी-स्तरीय ओरिएंटेशन प्रोग्राम – ‘दीक्षारंभ 2026’ आयोजित किया। इसमें संस्कृति, ज्ञान और नेतृत्व के प्रेरक उत्सव के साथ छात्रों के नए बैच का स्वागत किया गया। इस कार्यक्रम का उद्देश्य नए छात्रों (फ्रेशर्स) के लिए यूनिवर्सिटी जीवन में ढलने की प्रक्रिया को आसान बनाना, उन्हें शारदा की संस्कृति और मूल्यों से परिचित कराना और उनमें जिज्ञासा, रचनात्मकता और आत्म-खोज की भावना जगाना था। इस कार्यक्रम का उद्घाटन भारत सरकार के खाद्य प्रसंस्करण उद्योग मंत्रालय के माननीय केंद्रीय मंत्री श्री चिराग पासवान ने पारंपरिक दीप प्रज्वलन के साथ किया। उनके साथ बॉलीवुड अभिनेत्री सुश्री कृतिका अवस्थी, आईआईटी रोपड़ के निदेशक प्रो. (डॉ.) राजीव आहूजा और यूनिवर्सिटी के नेतृत्वकर्ता—माननीय चांसलर श्री पी.के. गुप्ता जी और माननीय वाइस चांसलर प्रो. (डॉ.) सिबाराम खारा—भी मौजूद थे।

Union Minister Chirag Paswan encouraged the youth at 'Diksharambh 2026' Sharda University

माननीय केंद्रीय मंत्री  चिराग पासवान ने अपने मुख्य भाषण में कहा: “यह गर्व की बात है कि मैं आज शारदा यूनिवर्सिटी में आपके ओरिएंटेशन प्रोग्राम में शामिल हो रहा हूँ। शिक्षा राष्ट्रीय प्रगति की नींव है, और यह ज़रूरी है कि छात्र और फैकल्टी दोनों ही इनोवेशन, रिसर्च और अनुशासन को अपनाएँ। भारत के युवाओं में अपार क्षमता है, और सही आदतों, सकारात्मकता और जीवनशैली के चुनाव से वे न केवल देश में बल्कि पूरी दुनिया में सफलता हासिल कर सकते हैं। नए छात्रों से मैं यही कहूँगा—इस अवसर का लाभ उठाएँ, खुद को चुनौती दें और समाज में सार्थक योगदान दें, क्योंकि भारत का भविष्य आपके हाथों में है। ज़रा रुककर सोचिए—आप 5, 10 या 25 साल बाद खुद को कहाँ देखते हैं? आज आप जो फ़ैसले लेंगे, वही उस सफ़र को आकार देंगे। जब आपका जुनून ही आपका पेशा बन जाता है, तो आपके काम का हर पल खुशी और संतुष्टि देता है। समझदारी से चुनाव करें, क्योंकि जिस दिन आपका जुनून आपके पेशे से मेल खा जाता है, उसी दिन आप सही दिशा में मज़बूती से आगे बढ़ने लगते हैं।”

अपने शैक्षणिक दृष्टिकोण को साझा करते हुए, आईआईटी रोपड़ के निदेशक प्रो. (डॉ.) राजीव आहूजा ने कहा: “व्यावहारिक ज्ञान उतना ही आवश्यक है जितना कि सैद्धांतिक शिक्षा। छात्रों को नैतिक मूल्यों, कर्तव्यों और सांस्कृतिक मूल्यों को बनाए रखना चाहिए और साथ ही जिज्ञासा और इनोवेशन को अपनाना चाहिए। सच्ची शिक्षा न केवल किताबों से मिलती है बल्कि जीवन के हर अनुभव से मिलती है, और यही समग्र दृष्टिकोण कल के नेताओं को आकार देता है।”

इस प्रोग्राम में यूनिवर्सिटी के क्लबों की तरफ़ से शानदार कल्चरल परफॉर्मेंस हुईं, जिनमें म्यूज़िक, डांस, ड्रामा, फ़ैशन और लिटरेरी आर्ट्स शामिल थे। ये परफॉर्मेंस शारदा के स्टूडेंट्स की विविधता और क्रिएटिविटी को दिखाती थीं। इवेंट का समापन राष्ट्रगान के साथ हुआ, जिससे स्टूडेंट्स जोश और आत्मविश्वास के साथ अपनी एकेडमिक यात्रा शुरू करने के लिए प्रेरित और उत्साहित महसूस कर रहे थे।

छात्रों को पारंपरिक सोच से आगे बढ़ने के लिए प्रेरित करते हुए, शारदा यूनिवर्सिटी के चांसलर पी.के. गुप्ता ने कहा कि “दीक्षारंभ एक परिवर्तनकारी यात्रा की शुरुआत है। ज्ञान केवल किताबों तक सीमित नहीं रहना चाहिए, बल्कि समाज की भलाई के लिए उसका उपयोग होना चाहिए। रुकावटें सीखने का हिस्सा हैं, लेकिन सही मार्गदर्शन मिलने पर हर छात्र में सफल होने की क्षमता होती है। उन्होंने विश्वविद्यालय की यात्रा को याद करते हुए कहा कि “1996 में जब शारदा की शुरुआत हुई थी, तब हमारा सपना था कि हमारे बच्चे विदेशों में पढ़ें और बड़ा काम करें। आज हमारे छात्र दुनिया के कई देशों में अपनी पहचान बना रहे हैं और यहां 90 देशों के विद्यार्थी पढ़ रहे हैं। चांसलर होने के नाते मेरी जिम्मेदारी है कि मैं हर छात्र का मार्गदर्शन करूं और कामना करता हूं कि वे भविष्य में ऊँचे पदों पर कार्य करें।”अंत में उन्होंने कहा कि “आज के युवाओं पर बड़ी जिम्मेदारी है। ‘विकसित भारत 2047’ का सपना तभी साकार होगा जब आप सभी अभी से प्रयास शुरू करेंगे। आपकी मेहनत ही देश के भविष्य को आकार देगी।”

Union Minister Chirag Paswan encouraged the youth at 'Diksharambh 2026' Sharda University

इस प्रोग्राम में यूनिवर्सिटी के क्लबों की तरफ़ से शानदार कल्चरल परफॉर्मेंस हुईं, जिनमें म्यूज़िक, डांस, ड्रामा, फ़ैशन और लिटरेरी आर्ट्स शामिल थे। ये परफॉर्मेंस शारदा के स्टूडेंट्स की विविधता और क्रिएटिविटी को दिखाती थीं। इवेंट का समापन राष्ट्रगान के साथ हुआ, जिससे स्टूडेंट्स जोश और आत्मविश्वास के साथ अपनी एकेडमिक यात्रा शुरू करने के लिए प्रेरित और उत्साहित महसूस कर रहे थे।
इस कार्यक्रम का संचालन डीन अकाडमिक डॉ आर सी सिंह, एडमिशन डायरेक्टर डॉ राजीव गुप्ता, छात्र कल्याण विभाग के डीन डॉ. प्रमोद कुमार ने किया|

इस इवेंट में यूनिवर्सिटी के अधिकारी जैसे वाइस चांसलर प्रो. (डॉ.) सिबाराम खारा, डॉ. आर पी सिंह, डीन (रिसर्च) डॉ. भुवनेश कुमार, डायरेक्टर (PR) डॉ. अजित कुमार के साथ-साथ अलग-अलग स्कूलों के डीन, HoD, फैकल्टी मेंबर, स्टाफ़ और स्टूडेंट्स मौजूद थे।

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