ग्रेटर नोएडा। बीटा-एक स्थित विश्व भारती पब्लिक स्कूल, ग्रेटर नोएडा में भारतीय संस्कृति एवं नैतिक मूल्यों के संरक्षण और संवर्धन के उद्देश्य से अंतर-विद्यालय श्रीमद् भगवद्गीता श्लोकोच्चारण प्रतियोगिता का भव्य एवं सफल आयोजन किया गया। प्रतियोगिता में 25 विद्यालयों के विद्यार्थियों ने उत्साहपूर्वक भाग लेकर श्रीमद्भगवद्गीता के श्लोकों का शुद्ध, सस्वर एवं भावपूर्ण उच्चारण प्रस्तुत किया। समारोह का शुभारंभ दीप प्रज्जलन व मधुराष्टकम् के साथ हुआ। स्कूल की प्रधानाचार्या डॉ. शालू पिल्लई ने मुख्य अतिथि एच.जी. अतुल कृष्ण दास प्रभु (केंद्र प्रभारी इस्कॉन ग्रेटर नोएडा), विद्यालय प्रबंधन समिति के प्रमुख सदस्या, सरोज कॉल, निर्णायकगणों व अतिथियों का हरित भेंट द्वारा स्वागत किया और उन्होनें कहा कि इस प्रकार की प्रतियोगिताएँ विद्यार्थियों में भारतीय संस्कृति के प्रति सम्मान, नैतिक मूल्यों की स्थापना तथा व्यक्तित्व विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती हैं। छात्रों ने अनेक सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रस्तुत किए गए। इसके पश्चात विभिन्न विद्यालयों के प्रतिभागियों ने आत्मविश्वास, स्पष्ट उच्चारण एवं उत्कृष्ट प्रस्तुति के साथ अपने-अपने श्लोकों का पाठ किया। विद्यार्थियों की प्रतिभा एवं समर्पण ने उपस्थित अतिथियों, एवं शिक्षकों को प्रभावित किया।
मुख्य अतिथि ने अपने संबोधन में कहा कि श्रीमद्भगवद्गीता केवल एक धार्मिक ग्रंथ नहीं, बल्कि जीवन को सही दिशा देने वाला प्रेरणास्रोत है। उन्होंने विद्यार्थियों से गीता के उपदेशों को अपने जीवन में अपनाकर सत्य, कर्तव्यनिष्ठा, अनुशासन एवं आत्मसंयम जैसे मूल्यों को विकसित करने का आह्वान किया। निर्णायक मंडल ने प्रतिभागियों का मूल्यांकन शुद्ध उच्चारण, स्मरण शक्ति, स्पष्टता, लय एवं प्रस्तुति शैली के आधार पर किया। उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले विद्यार्थियों को ट्रॉफी, पदक, प्रशस्ति-पत्र एवं पुरस्कार प्रदान कर सम्मानित किया गया। सभी प्रतिभागियों को सहभागिता प्रमाण-पत्र देकर प्रोत्साहित किया गया। प्रबंधन समिति ने सभी विद्यालयों के शिक्षकों, निर्णायकों तथा अतिथियों का हार्दिक आभार व्यक्त किया।






